नई दिल्ली/कैलिफोर्निया:
भारतीय स्क्वैश की युवा सनसनी अनाहत सिंह ने एक बार फिर पूरी दुनिया में देश का नाम रोशन कर दिया है। अनाहत ने सिलिकॉन वैली ओपन स्क्वैश टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन करते हुए पहली बार पीएसए (PSA) गोल्ड स्तर के टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में प्रवेश कर लिया है। क्वार्टर फाइनल मुकाबले में उन्होंने मिस्र की अनुभवी खिलाड़ी सलमा हानी को एक रोमांचक संघर्ष में शिकस्त दी।
## पांच गेम तक चला कड़ा मुकाबला
यह मुकाबला बेहद रोमांचक और संघर्षपूर्ण रहा, जो पूरे पांच गेम तक चला। शुरुआती दौर में पिछड़ने के बाद अनाहत ने गजब की मानसिक दृढ़ता और जुझारू क्षमता का परिचय दिया। उन्होंने शानदार वापसी (Comeback) करते हुए मिस्र की सलमा हानी को 3-2 से मात दी। इस जीत के साथ ही उन्होंने पहली बार किसी पीएसए गोल्ड इवेंट के सेमीफाइनल का टिकट कटाया है, जो भारतीय स्क्वैश के इतिहास में एक बड़ी उपलब्धि है।
## क्यों खास है यह जीत?
- ऐतिहासिक सफलता: 17 साल की उम्र में या इस मुकाम पर पीएसए गोल्ड स्तर के टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में पहुंचना भारतीय महिला स्क्वैश के लिए मील का पत्थर है।
- बड़ी खिलाड़ियों को चुनौती: मिस्र की खिलाड़ी सलमा हानी विश्व रैंकिंग में एक मजबूत प्रतिद्वंद्वी मानी जाती हैं, जिन्हें हराना अनाहत की परिपक्वता और बेहतरीन फॉर्म को दर्शाता है।
- अंतर्राष्ट्रीय मंच पर चमक: इस जीत से वैश्विक पटल पर भारतीय स्क्वैश की धाक और अधिक मजबूत हुई है।
नोट: खेल प्रेमियों और युवाओं के लिए अनाहत सिंह की यह सफलता प्रेरणास्त्रोत है। खेल जगत से जुड़ी ऐसी ही ताजातरीन और पल-पल की खबरों के लिए khabar24.live के साथ बने रहें।

